
आजमगढ़: जनपद के देवगांव थाना क्षेत्र में महिलाओं को गहने साफ करने का झांसा देकर सोने के आभूषण हड़पने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पुलिस ने सफल अनावरण किया है। पुलिस मुठभेड़ के दौरान बिहार निवासी दो शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें से एक बदमाश के पैर में गोली लगी है। आरोपियों के कब्जे से लूटी गई सोने की चैन, कान के झाले, अवैध तमंचा और कारतूस बरामद किए गए हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना देवगांव पुलिस को यह सफलता मिली। पुलिस के अनुसार 16 जून को ग्राम कंजहित निवासी जयनारायण दुबे ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनकी पत्नी मनोरमा दुबे को दो अज्ञात व्यक्तियों ने गहने साफ करने का झांसा देकर सोने के आभूषण ले लिए और विरोध करने पर भयभीत कर फरार हो गए। घटना के खुलासे के लिए पुलिस टीम लगातार सक्रिय थी। 20 और 21 जून की मध्यरात्रि में गायत्री मोड़ पर वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस को मोटरसाइकिल सवार दो संदिग्ध दिखाई दिए। पुलिस को देखकर दोनों भागने लगे। पीछा करने पर सरूपहां क्षेत्र में उनकी बाइक अनियंत्रित होकर गिर गई। घेराबंदी के दौरान बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी, जिसके जवाब में हुई कार्रवाई में एक बदमाश घायल हो गया जबकि दूसरे को दौड़ाकर पकड़ लिया गया। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान चाहत कुमार (22 वर्ष) और मुन्ना शाह (45 वर्ष), निवासी समेली थाना कुरसेला जनपद कटिहार, बिहार के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में लूटी गई एक सोने की चैन, दो कान के झाले, एक अवैध तमंचा, एक जिंदा कारतूस और दो खोखा कारतूस बरामद किए हैं। पूछताछ में दोनों आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे अपने अन्य साथियों के साथ विभिन्न जनपदों और राज्यों में घूम-घूमकर महिलाओं को गहने साफ करने, चमकाने या पुराने गहनों को नया बनाने का झांसा देकर ठगी और लूट की घटनाओं को अंजाम देते थे। विरोध करने पर असलहा दिखाकर लोगों को डराते थे। पुलिस के अनुसार दोनों आरोपियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में लूट, चोरी, ठगी और आर्म्स एक्ट के कई मुकदमे दर्ज हैं। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश में पुलिस टीमों को लगाया गया है और उनके नेटवर्क की गहन जांच की जा रही है। जनपद पुलिस ने कहा है कि अपराधियों के खिलाफ कठोर और प्रभावी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।